
शिक्षा विभाग ने पूरी की निजी स्कूलों एवं फर्जी कोचिंग संस्थानों की जांच
निजीस्कूल संचालकों की संघर्ष समिति द्वारा फर्जी कोचिंग एवं मान्यता से अधिक कक्षाएं चलाने वाली शिक्षण संस्थाओं की कलेक्टर से लेकर मुख्यमंत्री तक शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है। हालांकि शिक्षा विभाग द्वारा जांच रिपोर्ट सोमवार को कलेक्टर को पेश की जाएगी।
जिला मुख्यालय पर ही कई निजी स्कूलों में मान्यता से अधिक कक्षाएं संचालित की जा रही हैं। इसमें संचालकों द्वारा नया शिक्षण सत्र शुरू होने पर इसका जोर-शोर से प्रचार प्रसार भी किया। इसके लिए पोस्टर और पंपलेट भी चिपकाए गए, जिन पर संचालकों के फोटो और मोबाइल नंबर भी लिखे, लेकिन शिक्षा विभाग की ओर से एक भी संस्था के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने से फर्जी संस्था संचालकों एवं अधिकारियों की मिलीभगत सामने गई है। विभाग के अधिकारियों ने कुछ दिनों तक के लिए कोचिंग तथा संस्थाओं का निरीक्षण करने का दिखावा किया, लेकिन एक भी संस्था के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने से संदेह के घेरे में गए।
जिला मुख्यालय पर कई स्कूल ऐसे हैं, जो मान्यता से अधिक कक्षाएं चला रहे हैं। इनमें सैंथल रोड, आगरा रोड, लालसोट रोड सहित कई कॉलोनियों में स्कूल संचालित हैं। मान्यता से अधिक कक्षाओं का जिले में मोटा खेल चल रहा है, जिसमें अधिकारियों की मिलीभगत से इंकार नहीं किया जा सकता। मान्यता से अधिक कक्षाएं चलाने वाले संचालक अपने विद्यार्थियों का अटैचमेंट मान्यता प्राप्त संस्था से ही करते हैं। जिससे उनकी परीक्षा और प्रमाण पत्र आदि मिलने की राह आसान हो जाती है। अटैचमेंट के लिए प्रति छात्र कक्षा के हिसाब से रकम दी जाती है।
कार्रवाई की पहले मिल जाती है सूचना
शिक्षाविभाग के सूत्रों की मानें तो कार्यालय में कार्यरत कर्मचारियों द्वारा अधिकारियों के निरीक्षण से पूर्व संचालकों को सूचना दे दी जाती है। कार्यालय में शिकायत आने पर जांच के आदेश आने पर उन्हें सतर्क कर दिया जाता है। ऐसे में मान्यता से अधिक कक्षाओं के विद्यार्थियों की छुट्टी कर दी जाती है। सूरजपुरा के पास एक गांव के सैकंडरी मान्यता के स्कूल में मान्यता को सरस डेयरी के पास संचालित करने की शिकायत गत दिनों विभाग को प्राप्त हुई। शिकायत के साथ पोस्टर भी मिला, जिस पर संचालक के फोटो के साथ मोबाइल नंबर थे। विभाग के ब्लाक अधिकारी को निरीक्षण के लिए भेजा, तो वहां से 12वीं के विद्यार्थियों को पहले ही हटा दिया। गांव में स्वीकृत स्कूल को डेयरी के पास चलाने एवं दौसा में संचालित स्कूल से विद्यार्थियों का अटैचमेंट होने के बावजूद निरीक्षण को गए अधिकारी लीपापोती कर लौट गए।
प्रशासनको कार्रवाई के लिए लिखा
^मान्यतासे अधिक कक्षाएं संचालित करने वालों एवं कोचिंग संचालकों को नोटिस दिए गए हैं। इन संस्थाओं की जांच तीन दलों ने की है। जांच रिपोर्ट सोमवार को कलेक्टर को पेश की जाएगी। इसमें संचालकों के नाम, मोबाइल नंबर एवं नोटिस की कॉपी रिपोर्ट के साथ नत्थी कर प्रशासन को कार्रवाई के लिए लिखा है। रामनिवासशर्मा, एडीईओ, दौसा
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